बिलासपुर बर्ड फ्लू अपडेट: कोनी पोल्ट्री फार्म में H5N1 की पुष्टि, 1 किमी का दायरा 'इन्फेक्टेड ज़ोन' घोषित
बिलासपुर स्थित कोनी सरकारी पोल्ट्री फार्म में बर्ड फ्लू (H5N1) के प्रकोप से 5,000 से अधिक मुर्गियों की मौत हो गई है। प्रबंधन द्वारा इस गंभीर जानकारी को 18 मार्च से छिपाने और मृत मुर्गियों को खमतराई की ड्रीम सिटी कॉलोनी के पास खुले में फेंकने से इलाके में भारी दुर्गंध और संक्रमण का खतरा फैल गया है।Puja Sahu
बिलासपुर : छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले से पशुपालन विभाग की एक बड़ी लापरवाही सामने आई है। कोनी स्थित सरकारी पोल्ट्री फार्म में पिछले कुछ दिनों में 5,000 से अधिक मुर्गियों की मौत हो गई है। हैरान करने वाली बात यह है कि प्रबंधन ने इन मृत मुर्गियों को वैज्ञानिक तरीके से नष्ट करने के बजाय खमतराई स्थित 'ड्रीम सिटी कॉलोनी' के पास खुले में फेंक दिया, जिससे पूरे इलाके में संक्रमण का खतरा और भारी बदबू फैल गई है।
लैब टेस्ट में 'एवियन इन्फ्लूएंजा' (बर्ड फ्लू) की पुष्टि
मामला तब और गंभीर हो गया जब मृत मुर्गियों के सैंपल भोपाल और पुणे की प्रयोगशालाओं में भेजे गए। भोपाल स्थित लैब ने आधिकारिक तौर पर 'एवियन इन्फ्लूएंजा' (H5N1) की पुष्टि कर दी है। इसके बावजूद, शुरुआती स्तर पर जानकारी छिपाने और मृत पक्षियों के डिस्पोजल में बरती गई कोताही ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
18 मार्च से शुरू हुआ था मौत का सिलसिला
कोनी स्थित शासकीय कुक्कुट पालन परिक्षेत्र में विभिन्न नस्लों की लगभग 6,000 मुर्गियों का पालन और प्रजनन किया जाता है। घटनाक्रम के अनुसार:
- 18 मार्च: मुर्गियों के अचानक मरने का सिलसिला शुरू हुआ।
- प्रबंधन की चुप्पी: पोल्ट्री फार्म प्रबंधक संजय राज ने शुरुआत में उच्चाधिकारियों को सूचित करने के बजाय मामले को अपने स्तर पर सुलझाने की कोशिश की।
- बढ़ता आंकड़ा: धीरे-धीरे रोजाना सैकड़ों मुर्गियां मरने लगीं, जिसके बाद संयुक्त संचालक पशु चिकित्सा जीएसएस तंवर को सूचना दी गई।
रिहायशी इलाके में संक्रमण का खतरा, आक्रोश में जनता
प्रशासनिक अमले की सबसे बड़ी चूक तब उजागर हुई जब मृत मुर्गियों के ढेर को ड्रीम सिटी कॉलोनी जैसे आबादी वाले क्षेत्र के पास खुले में लावारिस छोड़ दिया गया। स्थानीय निवासियों का कहना है कि तेज दुर्गंध के कारण सांस लेना दूभर हो गया है और बर्ड फ्लू की पुष्टि होने के बाद अब महामारी फैलने का डर सता रहा है। शिकायत के बावजूद कार्रवाई में देरी होने पर लोगों में भारी आक्रोश है।
प्रशासन की कार्रवाई
कलेक्टर संजय अग्रवाल के निर्देश पर रायपुर से पशु चिकित्सा विभाग की एक विशेष टीम ने बिलासपुर पहुँचकर पोल्ट्री फार्म का निरीक्षण किया है। टीम वर्तमान स्थिति का आकलन कर रही है ताकि वायरस के प्रसार को रोका जा सके।
बर्ड फ्लू एक संक्रामक बीमारी है जो पक्षियों से इंसानों में भी फैल सकती है। खुले में मृत मुर्गियों को फेंकना 'बायो-हजार्ड' की श्रेणी में आता है और यह एक गंभीर आपराधिक लापरवाही है।
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