कबीरधाम: रानीदहरा जलप्रपात हत्याकांड का खुलासा, प्रेमी ही निकला कातिल; पुणे से गिरफ्तार
कबीरधाम के रानीदहरा जलप्रपात में मिली महिला की लाश की गुत्थी सुलझी। प्रेमी ने ही गला घोंटकर की थी हत्या, पुलिस ने आरोपी को पुणे से किया गिरफ्तार। जानें क्या थी हत्या की वजह।Puja Sahu
कबीरधाम : छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले अंतर्गत बोड़ला थाना क्षेत्र के प्रसिद्ध रानीदहरा जलप्रपात में मिली महिला की लाश की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। इस अंधे कत्ल के पीछे प्रेम प्रसंग और ब्लैकमेलिंग की कहानी सामने आई है। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को महाराष्ट्र के पुणे से गिरफ्तार कर लिया है।
क्या है पूरा मामला?
बीते 19 मार्च को रानीदहरा जलप्रपात में पर्यटकों ने एक अज्ञात महिला का शव पानी में तैरता देखा था। शव को भारी पत्थरों से बांधकर डुबाया गया था, जिससे यह साफ था कि मामला हत्या का है। जांच के दौरान मृतका की पहचान सुखमति बाई बैगा (24 वर्ष), निवासी ग्राम बाकल, जिला मुंगेली के रूप में हुई।
शादी से इनकार और 10 लाख की डिमांड बनी मौत की वजह
पुलिस की पूछताछ और जांच में मुख्य आरोपी के रूप में देवेंद्र जयसवाल (निवासी ग्राम दरवाजा) का नाम सामने आया। जांच में जो तथ्य उभर कर आए, वे चौंकाने वाले हैं:
-
पुराना प्रेम संबंध: देवेंद्र और सुखमति के बीच लंबे समय से प्रेम संबंध थे। दोनों एक बार घर छोड़कर दिल्ली भी भाग चुके थे, लेकिन महिला के कहने पर वापस लौट आए।
-
शादी पर विवाद: आरोपी देवेंद्र सुखमति से शादी करना चाहता था, लेकिन सुखमति पहले से शादीशुदा थी और उसके दो बच्चे थे, जिसके कारण वह शादी के लिए तैयार नहीं थी।
-
ब्लैकमेलिंग का आरोप: बताया जा रहा है कि सुखमति आरोपी से दूरी बनाने लगी थी और कथित तौर पर रिश्ता खत्म करने के एवज में 10 लाख रुपये की मांग कर रही थी। पैसे न देने पर उसने दुष्कर्म के मामले में फंसाने की धमकी भी दी थी।
साजिश के तहत हत्या और फरार
इसी विवाद और धमकी से तंग आकर देवेंद्र ने सुखमति को रास्ते से हटाने की साजिश रची। 16 मार्च को वह सुखमति को घुमाने के बहाने रानीदहरा जलप्रपात लेकर गया। वहां मौका पाकर उसने महिला का गला घोंटकर हत्या कर दी और पहचान छिपाने व सबूत मिटाने के लिए शव को पत्थरों से बांधकर गहरे पानी में फेंक दिया।
साइबर सेल की मदद से पुणे में पकड़ा गया आरोपी
हत्या के बाद आरोपी देवेंद्र फरार होकर पुणे (महाराष्ट्र) भाग गया था। कबीरधाम पुलिस ने साइबर सेल की मदद से आरोपी के मोबाइल लोकेशन को ट्रेस किया और एक टीम पुणे भेजकर उसे हिरासत में लिया। फिलहाल पुलिस आरोपी को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया पूरी कर रही है।
इस लेख को शेयर करें
टिप्पणियां (0)
टिप्पणी करने के लिए लॉग इन करें
अभी तक कोई टिप्पणी नहीं है
पहले टिप्पणी करने वाले बनें!
